तेहि अवसर भाइन्ह सहित रामु भानु

दोहा ३३४ · बालकाण्ड

दोहा पाठ

तेहि अवसर भाइन्ह सहित रामु भानु कुल केतु। चले जनक मंदिर मुदित बिदा करावन हेतु॥ ३३४ ॥

अर्थ

उसी समय सूर्यवंश के पताकास्वरूप श्रीरामचन्द्रजी भाइयों सहित प्रसन्न होकर विदा कराने के लिये जनकजी के महल को चले।

संदर्भ

यह बालकाण्ड के “श्रीसीता-राम विवाह” प्रकरण का दोहा ३३४ है। इस प्रकरण में श्रीसीता-राम सहित चारों राजकुमारों के विवाह और जनकपुर के मंगलमय उत्सव का वर्णन है।

पूरा प्रकरण पढ़ें

पूरा प्रकरण पढ़ें
श्रीसीता-राम विवाह