तौ हमार पन सुनहु मुनीसा
तौ हमार पन सुनहु मुनीसा
चौपाई ३, दोहा ९० के अंतर्गत · बालकाण्ड
चौपाई पाठ
तौ हमार पन सुनहु मुनीसा। करिहहिं सत्य कृपानिधि ईसा॥ तुम्ह जो कहा हर जारेउ मारा। सोइ अति बड़ अबिबेकु तुम्हारा॥ ३ ॥
अर्थ
तो हे मुनीश्वरो! सुनिये, वे कृपानिधान भगवान् मेरी प्रतिज्ञाको सत्य करेंगे। आपने जो यह कहा कि शिवजीने कामदेवको भस्म कर दिया, यही आपका बड़ा भारी अविवेक है।
संदर्भ
यह बालकाण्ड के “देवताओं की प्रार्थना, सप्तर्षि पार्वती के पास” प्रकरण का चौपाई ३, दोहा ९० के अंतर्गत है। इस प्रकरण में देवताओं की शिव से विवाह-प्रार्थना और सप्तर्षियों के पार्वती के पास जाने का वर्णन है।
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देवताओं की प्रार्थना, सप्तर्षि पार्वती के पास