सतीं बिलोके ब्योम बिमाना

चौपाई २, दोहा ६१ के अंतर्गत · बालकाण्ड

चौपाई पाठ

सतीं बिलोके ब्योम बिमाना। जात चले सुंदर बिधि नाना॥ सुर सुंदरी करहिं कल गाना। सुनत श्रवन छूटहिं मुनि ध्याना॥ २ ॥

अर्थ

सतीजी ने देखा अनेकों प्रकार के सुन्दर विमान आकाश में चले जा रहे हैं। देव-सुन्दरियाँ मधुर गान कर रही हैं, जिन्हें सुनकर मुनियों का ध्यान छूट जाता है।

संदर्भ

यह बालकाण्ड के “शिवजी द्वारा सती का त्याग” प्रकरण का चौपाई २, दोहा ६१ के अंतर्गत है। इस प्रकरण में शिवजी द्वारा सती को त्यागने और गहन समाधि में लीन होने का वर्णन है।

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शिवजी द्वारा सती का त्याग