राम नाम बिनु गिरा न सोहा
राम नाम बिनु गिरा न सोहा
चौपाई २, दोहा २३ के अंतर्गत · सुन्दरकाण्ड
चौपाई पाठ
राम नाम बिनु गिरा न सोहा। देखु बिचारि त्यागि मद मोहा॥ बसन हीन नहिं सोह सुरारी। सब भूषन भूषित बर नारी॥ २ ॥
अर्थ
राम नाम के बिना वाणी शोभा नहीं पाती। देखो, विचार कर, मद-मोह त्याग दो॥ वसनहीन स्त्री, हे देवताओं के शत्रु! सब गहनों से सजी हुई सुंदर नारी भी कपड़ों के बिना शोभा नहीं पाती।
संदर्भ
यह सुन्दरकाण्ड के “हनुमान-रावण संवाद” प्रकरण का चौपाई २, दोहा २३ के अंतर्गत है। इस प्रकरण में रावण की सभा में हनुमान का निर्भीक संवाद और सीता-वापसी का उपदेश का वर्णन है।
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हनुमान-रावण संवाद